छोटे कारोबारियों, किसानों और कम आय वाले लोगों को मिलेगा लाभ: भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने प्रायोरिटी सेक्टर लोन (PSL) को लेकर एक अहम फैसला लिया है। 1 अप्रैल 2025 से, ₹50,000 तक के लोन पर कोई भी अतिरिक्त शुल्क नहीं लगेगा। इसका मतलब है कि बैंक अब ऐसे छोटे लोन पर एडहॉक सर्विस चार्ज या इंस्पेक्शन चार्ज नहीं वसूल सकेंगे।
RBI का यह फैसला छोटे व्यापारियों, किसानों और निम्न आय वर्ग के लोगों को राहत देने के लिए लिया गया है, जिससे वे बिना किसी अतिरिक्त वित्तीय बोझ के आसानी से लोन प्राप्त कर सकें।
🔹 RBI की नई गाइडलाइन: मुख्य बिंदु
नियम | विवरण |
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लोन की सीमा | ₹50,000 तक के प्रायोरिटी सेक्टर लोन पर लागू |
चार्जेस हटाए गए | एडहॉक सर्विस चार्ज, इंस्पेक्शन चार्ज |
लाभार्थी | किसान, छोटे व्यापारी, स्टूडेंट्स, आर्थिक रूप से कमजोर लोग |
नए नियम कब लागू होंगे? | 1 अप्रैल 2025 से |
पुरानी गाइडलाइन | 2020 की गाइडलाइन की जगह नए मास्टर डायरेक्शन लागू होंगे |
नए नियम का उद्देश्य | छोटे लोन लेने वालों पर अतिरिक्त वित्तीय बोझ कम करना |
🔹 प्रायोरिटी सेक्टर लेंडिंग (PSL) क्या है?
प्रायोरिटी सेक्टर लेंडिंग (PSL) भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) की एक नीति है, जिसके तहत बैंकों को अपने कुल लोन का एक हिस्सा समाज के कुछ विशेष वर्गों को देना जरूरी होता है।
इसके उद्देश्य:
✔ ग्रामीण और कमजोर वर्गों को वित्तीय सहायता देना
✔ आर्थिक असमानता को कम करना
✔ कृषि और छोटे उद्योगों को बढ़ावा देना
✔ समावेशी विकास को बढ़ावा देना
🔹 किन क्षेत्रों में PSL लोन दिया जाता है?
सेक्टर | लोन का उद्देश्य |
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कृषि (Agriculture) | फार्मिंग, डेयरी, मुर्गीपालन, कोल्ड स्टोरेज जैसे इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए लोन |
MSME (सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्योग) | छोटे व्यवसायों के लिए क्रेडिट लोन |
शिक्षा (Education Loan) | भारत में पढ़ाई के लिए ₹10 लाख और विदेश में पढ़ाई के लिए ₹20 लाख तक का लोन |
आवास (Housing Loan) | मेट्रो शहरों में ₹35 लाख और अन्य क्षेत्रों में ₹25 लाख तक का होम लोन |
वीकर सेक्शन (Weaker Section) | SC/ST, महिलाओं और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को क्रेडिट सुविधा |
अन्य | एक्सपोर्ट क्रेडिट, रिन्युएबल एनर्जी, स्कूल और हॉस्पिटल बनाने के लिए लोन |
🔹 नए नियमों से किन लोगों को सबसे ज्यादा फायदा होगा?
✅ किसान: छोटे और सीमांत किसानों को खेती के लिए लोन लेने में आसानी होगी।
✅ छोटे व्यापारी: स्ट्रीट वेंडर और छोटे कारोबारियों को बिना अतिरिक्त चार्ज के लोन मिलेगा।
✅ स्टूडेंट्स: एजुकेशन लोन लेने वाले छात्रों को राहत मिलेगी।
✅ महिलाएं और SC/ST वर्ग: आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को किफायती दरों पर लोन मिलेगा।
🔹 बैंकों के लिए क्या होगा असर?
📌 बैंकों को अब ₹50,000 तक के PSL लोन पर कोई अतिरिक्त चार्ज नहीं लेना होगा।
📌 उन्हें अब अपने PSL टारगेट को पूरा करने के लिए ज्यादा छोटे लोन जारी करने होंगे।
📌 जो बैंक अपने PSL लक्ष्य को पूरा नहीं करेंगे, उन्हें NABARD और ग्रामीण इंफ्रास्ट्रक्चर विकास फंड (RIDF) में पैसा लगाना होगा।
🔹 निष्कर्ष
RBI का यह फैसला छोटे कर्ज लेने वालों के लिए राहत भरा है, क्योंकि इससे उन्हें अनावश्यक चार्ज से बचने का मौका मिलेगा। खासकर किसान, छोटे व्यापारी, स्टूडेंट्स और आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग को इसका सीधा फायदा मिलेगा।
👉 अगर आप भी छोटे लोन लेने की सोच रहे हैं, तो 1 अप्रैल 2025 के बाद नए नियमों का लाभ उठाकर बिना किसी अतिरिक्त चार्ज के लोन प्राप्त कर सकते हैं!